← Back to list

WhatsApp Username: भारत में फीचर पर सरकार सख्त

WhatsApp Username फीचर पर भारत में फिलहाल रोक लग सकती है। केंद्र सरकार ने मेटा से कहा है कि बातचीत पूरी होने तक इसे शुरू न किया जाए। सरकार…

THUMBSUP BHARAT NEWS · 2026-07-01 17:28 · 0 claps · 4.0 min read paywalled
#username-whatsapp #whatsapp-features #username-booking #username-security #whatsapp-india-news
Open on Medium ↗

WhatsApp Username: भारत में फीचर पर सरकार सख्त

WhatsApp Username फीचर पर भारत में फिलहाल रोक लग सकती है। केंद्र सरकार ने मेटा से कहा है कि बातचीत पूरी होने तक इसे शुरू न किया जाए। सरकार को आशंका है कि नंबर छिपाकर चैट की सुविधा से फर्जी प्रोफाइल, धोखाधड़ी और साइबर फ्रॉड का खतरा बढ़ सकता है।

सरकार की पहली आपत्ति

भारत में WhatsApp Username फीचर की एंट्री फिलहाल आसान नहीं दिख रही। केंद्र सरकार ने मेटा से कहा है कि जब तक इस फीचर पर बातचीत पूरी नहीं हो जाती, तब तक इसे भारत में लॉन्च न किया जाए। सरकार ने मेटा को नोटिस भेजकर 3 दिन के भीतर जवाब भी मांगा है। अभी सरकार और मेटा, दोनों की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

WhatsApp Username पर असली चिंता

सरकार की सबसे बड़ी चिंता यूजर की पहचान से जुड़ी है। नए फीचर में कुछ हालात में मोबाइल नंबर सामने वाले को अपने-आप नहीं दिखेगा। इससे प्राइवेसी बढ़ेगी, लेकिन सरकार का मानना है कि यही बात साइबर फ्रॉड का जोखिम भी बढ़ा सकती है। अगर कोई व्यक्ति पहचान छिपाकर दूसरे के नाम जैसा यूजरनेम बना ले, तो लोगों को भ्रमित करना आसान हो सकता है। यही वजह है कि सरकार फीचर के सेफ्टी स्टैंडर्ड्स को पहले परखना चाहती है।

50 करोड़ यूजर्स वाला बाजार

भारत वॉट्सएप का सबसे बड़ा बाजार है। देश में इसके 50 करोड़ से ज्यादा यूजर्स हैं। इतने बड़े यूजर बेस में कोई भी नया फीचर सीधे करोड़ों लोगों की प्राइवेसी और सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है। इसी कारण सरकार इसे सिर्फ एक टेक अपडेट की तरह नहीं देख रही, बल्कि बड़े पब्लिक-सेफ्टी मुद्दे की तरह जांच रही है।

फीचर तीन दिन पहले शुरू हुआ

मेटा ने 29 जून से दुनियाभर में यूजरनेम रजिस्ट्रेशन शुरू किया है। कंपनी ने साफ किया है कि यह फीचर एक साथ सभी यूजर्स तक नहीं पहुंचेगा। इसे धीरे-धीरे अलग-अलग देशों में रोल आउट किया जाएगा। जब यह सुविधा किसी यूजर के इलाके में उपलब्ध होगी, तब उसे ऐप के अंदर नोटिफिकेशन मिलेगा। वॉट्सएप के आधिकारिक ब्लॉग में भी कहा गया है कि इस हफ्ते से यूजरनेम रिजर्व किए जा सकते हैं और फीचर बाद में व्यापक तौर पर उपलब्ध होगा।

जल्दी बुकिंग की वजह

कंपनी का तर्क यह है कि यूजरनेम यूनिक होंगे। इसलिए दुनिया भर में बहुत से लोग एक जैसे या मिलते-जुलते नाम लेना चाहेंगे। जो यूजर पहले अपना नाम रिजर्व करेगा, उसके पास अपनी पसंद का यूजरनेम पाने की संभावना ज्यादा होगी। इसी सोच के साथ रजिस्ट्रेशन पहले खोल दिया गया है।

फीचर से यूजर को क्या मिलेगा

WhatsApp Username फीचर का मुख्य फायदा यह है कि नए व्यक्ति से बात करते समय मोबाइल नंबर साझा करना जरूरी नहीं रहेगा। बड़े ग्रुप चैट में जोड़े जाने पर या पहली बार किसी को मैसेज करते समय फोन नंबर छिपा रह सकता है। नंबर तभी दिखेगा, जब यूजर खुद उसे साझा करना चाहे। कंपनी इस बदलाव को ज्यादा निजी बातचीत का तरीका बता रही है।

यूजरनेम के नियम तय

कंपनी ने यूजरनेम बनाने के लिए कुछ तय नियम रखे हैं। यूजरनेम 3 से 35 कैरेक्टर का होगा। इसमें छोटे अंग्रेजी अक्षर, अंक, डॉट और अंडरस्कोर का इस्तेमाल किया जा सकेगा। हर यूजरनेम अलग होगा। जरूरत पड़ने पर इसे बदला, हटाया या अपडेट भी किया जा सकेगा. हालांकि अकाउंट बनाने और चलाने के लिए मोबाइल नंबर पहले की तरह जरूरी रहेगा।

नंबर पूरी तरह गायब नहीं होगा

यह फीचर मोबाइल नंबर को पूरी तरह खत्म नहीं करता। जिन लोगों के पास आपका नंबर पहले से सेव है, जिनसे आप पहले चैट कर चुके हैं, जो आपके साथ जॉइंट ग्रुप में हैं, जिन्होंने आपका QR कोड स्कैन किया है या जिन्हें आपने पहले मैसेज किया है, उनके लिए बातचीत पहले की तरह चलती रहेगी। यानी बदलाव मुख्य रूप से नए संपर्कों पर असर डालेगा।

डायरेक्टरी नहीं होगी, फिर भी जोखिम

कंपनी का कहना है कि कोई सार्वजनिक यूजरनेम डायरेक्टरी नहीं बनेगी। किसी दूसरे यूजर को आपका यूजरनेम सुझाव भी नहीं दिया जाएगा। कोई व्यक्ति तभी आपको मैसेज कर सकेगा, जब उसे आपका सही यूजरनेम पता होगा। इसके बावजूद सरकार की चिंता यह है कि भारत जैसे बड़े बाजार में फेक पहचान बनाकर लोगों को बहकाने की कोशिशें बढ़ सकती हैं। यही कारण है कि फीचर का तकनीकी और कानूनी परीक्षण साथ-साथ किया जा रहा है।

Username Key से सुरक्षा की कोशिश

वॉट्सएप इस फीचर के साथ Username Key नाम का एक वैकल्पिक सुरक्षा विकल्प भी ला रहा है। यह एक पिन की तरह काम करेगा। अगर यूजर इसे चालू करता है, तो कोई अनजान व्यक्ति सिर्फ यूजरनेम जानकर मैसेज नहीं भेज सकेगा। पहली बार चैट शुरू करने से पहले उसे यह Key दर्ज करनी होगी। इसका मकसद स्पैम और अनचाहे मैसेज कम करना है।

भारत में अगला कदम

फिलहाल सबसे अहम बात यह है कि भारत में यह फीचर तुरंत शुरू होता नहीं दिख रहा। सरकार ने मेटा से जवाब मांगा है और फीचर को रोककर रखने को कहा है। अब आगे की दिशा सरकार और मेटा के बीच बातचीत पर निर्भर करेगी। अगर सुरक्षा मानकों, पहचान सत्यापन और फ्रॉड रोकने के उपायों पर संतोषजनक जवाब मिलता है, तभी भारत में WhatsApp Username फीचर आगे बढ़ सकेगा।

सवाल 1: WhatsApp Username फीचर पर भारत सरकार ने क्या कहा है? जवाब: सरकार ने मेटा से कहा है कि बातचीत पूरी होने तक भारत में यह फीचर लॉन्च न किया जाए।

सवाल 2: मेटा से कितने दिन में जवाब मांगा गया है? जवाब: सरकार ने 3 दिन के भीतर जवाब मांगा है।

सवाल 3: सरकार की मुख्य चिंता क्या है? जवाब: सरकार को आशंका है कि पहचान छिपने से फर्जी प्रोफाइल, धोखाधड़ी और साइबर फ्रॉड बढ़ सकते हैं।

सवाल 4: WhatsApp Username फीचर कब से बुक हो रहा है? जवाब: कंपनी ने 29 जून से दुनियाभर में यूजरनेम रजिस्ट्रेशन शुरू किया है।

सवाल 5: क्या इस फीचर के बाद मोबाइल नंबर की जरूरत खत्म हो जाएगी? जवाब: नहीं। अकाउंट बनाने और इस्तेमाल करने के लिए मोबाइल नंबर पहले की तरह जरूरी रहेगा।

Like and Follow us on :

Originally published at https://thumbsupbharat.com on July 1, 2026.


메타데이터
post_id
ee0dc62002cb
slug
whatsapp-username-भारत-में-फीचर-पर-सरकार-सख्त-ee0dc62002cb
url
https://medium.com/@thumbsupbharat/whatsapp-username-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%A4-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AB%E0%A5%80%E0%A4%9A%E0%A4%B0-%E0%A4%AA%E0%A4%B0-%E0%A4%B8%E0%A4%B0%E0%A4%95%E0%A4%BE%E0%A4%B0-%E0%A4%B8%E0%A4%96%E0%A5%8D%E0%A4%A4-ee0dc62002cb
canonical_url
https://medium.com/@thumbsupbharat/whatsapp-username-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%A4-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AB%E0%A5%80%E0%A4%9A%E0%A4%B0-%E0%A4%AA%E0%A4%B0-%E0%A4%B8%E0%A4%B0%E0%A4%95%E0%A4%BE%E0%A4%B0-%E0%A4%B8%E0%A4%96%E0%A5%8D%E0%A4%A4-ee0dc62002cb
author_url
https://medium.com/@thumbsupbharat
status
ok
fetched_at
2026-08-17 11:28:13